Skip to content

वर्तनी शुद्धि, वाक्य शुद्धि और विराम चिह्न – Notes, Rules & Examples

5 concepts · हिन्दी

हिन्दी भाषा (Hindi Language)5 conceptsEnglish + हिंदी22 practice questions

Concept 1 · free preview

वर्तनी शुद्धि के नियम

Understand

वर्तनी का अर्थ है शब्द को लिखने का शुद्ध रूप। परीक्षा में चार में से एक शुद्ध रूप चुनना होता है; ज़्यादातर गलतियाँ छोटी-बड़ी मात्रा, रेफ (र्) की जगह, आधे अक्षर और प्रत्यय जोड़ने में होती हैं।

Rule

  • रेफ (र्) जिस अक्षर से पहले बोला जाता है, उसके ऊपर लगता है: आशी-र्-वाद → आशीर्वाद (रेफ 'वा' पर)

  • संधि से बने शब्द तोड़कर देखें: उत् + ज्वल = उज्ज्वल; अति + अधिक = अत्यधिक; उपरि + उक्त = उपर्युक्त

  • '-इक' प्रत्यय लगने पर प्रायः पहले स्वर की वृद्धि होती है: इतिहास → ऐतिहासिक, प्रमाण → प्रामाणिक, समाज → सामाजिक, दिन → दैनिक

  • '-अनीय' और '-ईय' प्रत्यय: पूज् + अनीय = पूजनीय, राष्ट्र + ईय = राष्ट्रीय (पूज्यनीय, पूजनिय अशुद्ध)

  • '-मती/-वती' स्त्रीलिंग शब्दों में अंत में दीर्घ ई: श्रीमती, बुद्धिमती, भगवती

अशुद्धशुद्धकारण
आर्शीवाद, आशिर्वादआशीर्वादआशीः + वाद; रेफ 'वा' पर, 'शी' दीर्घ
उज्जवल, उज्वलउज्ज्वलउत् + ज्वल (ज् + ज्व)
अत्याधिकअत्यधिकअति + अधिक (इ + अ = य)
उपरोक्तउपर्युक्तउपरि + उक्त (इ + उ = यु)
एतिहासिकऐतिहासिकइ → ऐ (वृद्धि)
प्रमाणिकप्रामाणिकप्र → प्रा (वृद्धि)
श्रीमतिश्रीमतीस्त्रीलिंग '-मती'
पूज्यनीयपूजनीयपूज् + अनीय ('पूज्य' में योग्य का अर्थ पहले से है)

Remember

दूसरे सामान्य शब्द: अनाधिकार → अनधिकार, सन्यासी → संन्यासी, कवियत्री → कवयित्री, अहिल्या → अहल्या, दृष्टा → द्रष्टा, सौन्दर्यता → सौन्दर्य, उन्नति (शुद्ध), परीक्षा (शुद्ध)।

Common mistake

'उपरोक्त' बोलचाल में चलता है, पर मानक दृष्टि से शुद्ध 'उपर्युक्त' है — परीक्षा में यही चुनें।

Check yourself

'अत्याधिक' और 'अत्यधिक' में शुद्ध कौन है?

4 more concepts in this note

  1. वाक्य शुद्धि: सर्वनाम, वचन और पुनरुक्ति
  2. लिंग और क्रिया की अन्विति
  3. 'ने' का प्रयोग कब होता है
  4. विराम चिह्न

वर्तनी शुद्धि, वाक्य शुद्धि और विराम चिह्न in your exam syllabus

These exams' official syllabus includes this chapter.

FAQs

What do the वर्तनी शुद्धि, वाक्य शुद्धि और विराम चिह्न notes cover?

5 concepts: वर्तनी शुद्धि के नियम, वाक्य शुद्धि: सर्वनाम, वचन और पुनरुक्ति, लिंग और क्रिया की अन्विति, 'ने' का प्रयोग कब होता है, विराम चिह्न. Each concept has an explanation, rules, solved examples and common mistakes.

Are these notes available in Hindi?

Yes. Every concept is available in English and हिंदी; switch the language at the top of the note.

Are the notes free?

The first concept is free to read here. The full notes, practice questions and mock tests are part of PYQsathi Pro (₹299 per year); when a launch offer is running, its coupon is shown above and applied after you sign in. Question paper downloads are always free.

PYQSathi is an independent platform, not a government website. Notes are written for exam practice; always confirm facts that change (rates, schemes, dates) in the latest official notice.
वर्तनी शुद्धि, वाक्य शुद्धि और विराम चिह्न Notes – Concepts, Rules &… | PYQSathi